शिवपुरी। शिवपुरी जिले के कोलारस थाना क्षेत्र के उकावल गांव में वन भूमि से अतिक्रमण हटाने पहुंची वन विभाग की टीम को उस समय भारी विरोध का सामना करना पड़ा, जब कार्रवाई के दौरान एक युवक ट्रैक्टर को जब्त होने से बचाने के लिए सीधे बोलेरो वाहन के नीचे जाकर लेट गया। युवक के इस कदम से कुछ देर तक मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। इसी दौरान ट्रैक्टर चालक मौका पाकर ट्रैक्टर लेकर फरार हो गया और वन विभाग की टीम उसे जब्त नहीं कर सकी।
जानकारी के अनुसार वन विभाग को सूचना मिली थी कि उकावल गांव के समीप वन भूमि पर कुछ लोग ट्रैक्टर से जुताई कर रहे हैं। सूचना मिलने पर वन विभाग का अमला तत्काल मौके पर पहुंचा और वन भूमि पर हो रही गतिविधियों को रोकते हुए ट्रैक्टर को जब्त करने की कार्रवाई शुरू की।
ट्रैक्टर बचाने के लिए बोलेरो के नीचे लेट गया युवक
वनकर्मियों ने जैसे ही ट्रैक्टर को अपने कब्जे में लेने का प्रयास किया, मौके पर मौजूद मुकेश आदिवासी नामक युवक अचानक पास खड़ी बोलेरो गाड़ी के नीचे जाकर लेट गया। युवक के इस कदम से कुछ देर के लिए कार्रवाई रुक गई। वनकर्मी लगातार उसे बाहर आने के लिए समझाते रहे, लेकिन वह अपनी जिद पर अड़ा रहा।
इस बीच ट्रैक्टर चालक ने मौके का फायदा उठाया और ट्रैक्टर लेकर वहां से भाग निकला। बताया जा रहा है कि जब ट्रैक्टर सुरक्षित निकल गया, तब युवक भी बोलेरो के नीचे से बाहर आ गया। इस पूरे घटनाक्रम के चलते वन विभाग की टीम ट्रैक्टर जब्त करने में असफल रही और उसे बिना कार्रवाई पूरी किए वापस लौटना पड़ा।
100 बीघा से अधिक वन भूमि पर कब्जे का मामला
वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार सनवारा बीट के अंतर्गत उकावल गांव के पास करीब 100 बीघा से अधिक वन भूमि पर जूर गांव के 8 से 10 आदिवासी परिवारों द्वारा कब्जा किया गया है। विभाग ने इस क्षेत्र को हाल ही में वृक्षारोपण के लिए चिन्हित किया है और इसी उद्देश्य से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जा रही है।
अब होगी आगे की कार्रवाई
वन विभाग का कहना है कि विरोध के कारण इस बार कार्रवाई पूरी नहीं हो सकी, लेकिन अतिक्रमण हटाने का अभियान जारी रहेगा। विभाग पूरे मामले की रिपोर्ट तैयार कर रहा है और ट्रैक्टर चालक तथा कार्रवाई में बाधा डालने वालों के संबंध में नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई पर भी विचार किया जा रहा है। वन भूमि पर अतिक्रमण और सरकारी कार्रवाई के विरोध की यह घटना अब पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है। वहीं प्रशासन की अगली कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।

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