विज्ञान एक्सप्रेस: प्रथ्वी को क्यो है बुखार,विजिट कर जाना छात्रो ने

Updesh Awasthee
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शिवपुरी। अभी दो दिन पूर्व शिवपुरी पहुंची विज्ञान एक्सप्रेस छात्रो को आर्कषण का केन्द्र बनी हुई है। बताया जा रहा है कि अभी तक सरकारी और प्राईवेट के लगभग 200 विद्यालय के छात्रो ने  शिवुपरी पहुंची विज्ञान एक्सप्रेस की विजिट की है। स्कुली छात्रो में सिर्फ यही विज्ञान एक्सप्रेस की चर्चा है।

जानकारी के अनुसार आगरा से शिवपुरी पहुंची विज्ञान एक्सप्रेस में टोटल 16 डिब्बे है और इनमें से 11 डिब्बो में प्रदर्शनी लगी है। आज शिवुपरी समाचार डाट कॉम के संवाददाता ने ाी इस ट्रेन का विजिट किया। 

पृथ्वी को बुखार है,इस विज्ञान एक्सप्रेस की कोचो में बताया गया है कि जलवायु-एक प्रणाली,पौधा घर प्रभाव और जलवायु परिवर्तन के आधारभूत कारणों के बारे में जानकारी दी गई है। 

इस प्रर्दशनी से यह भी बताया जा रहा है कि भारत को जलवायु परिवर्तन के विषय में क्यो चितिंत होना चहिए। और हमे कैसे निवटना चहिए। छात्रो को इस ट्रेन में लगी प्रर्दशनीयो के माध्यम से यह समझाने का प्रयास किया है कि बिजली की खपत कम करने से साईकिल चलाने से प्रथ्वी का बुखार कैसे कम किया जा सकता है। 

इस विज्ञान एक्सप्रेस की विजिट कर रहे छात्रो ने अनुभव किया कि हम अपने घरो मेें बल्बो की जगह सीएफएल या एलईडी का प्रयोग करे और साईकिल ज्यादा चलाए,पर्यावरण पर छयान दे तो हम अपनी प्रथ्वी को कैसे बुखार से कैसे बचाए। 

प्रर्दशनी मॉडल और एलईडी देखकर छोटे-छोटे बच्चो के मन में प्रश्र उमड पडे छोटे क्लास के बच्चो के साथ आई शिक्षिकाए बडी मुश्किल से उनके जबाब दे पाए,एक नन्ही मासूम ने पूछा मेम यह भालू यहां क्यो खडा है इसकी मां कहा है.....ऐसे कई मासूम बच्चो ने ट्रेन में रखे मॉडलो के बारे में पूछा जिनके जबाब निरूउत्तर थे। 

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