शिवपुरी। शिवपुरी में भ्रष्टाचार के ब्रांड एम्बेसडर और आदिम जाति कल्याण विभाग के निलंबित जिला संयोजक एल.आर.मीणा ने जिस प्रकार से प्रभारी मंत्री के आदेश को दरकिनार कर स्वयं की मनमर्जी से शिक्षिकों की भर्ती एवं छात्रावासों में घपलेबाजी की थी उसके विरूद्ध की गई जांच में श्री मीणा दोषी पाए गए और उन्हें शिवपुरी से गुना स्थानांतरण के बाद वहां जांच पड़ताल के साथ ही निलंबित कर दिया। इस अधिकारी के विरुद्ध पूर्व में भी कई शिकायतें की गई थी जांच पड़ताल के बाद इनके विरूद्ध कार्यवाही की गई।
इस मामले में जिला संयोजक आदिम जाति कल्याण विभाग के निलंबित जिला संयोजक एल.आर.मीणा द्वारा जिस प्रकार से भ्रष्टाचार पूर्वक शिक्षकों की भर्ती की गई और वहीं छात्रावास व अन्य विभाग से संबंधित कार्यों में गड़बड़ की गई। इस मामले में एक जांच दल शिवपुरी आया जो यहां आदिम जाति कल्याण विभाग में जिला संयोजक के रूप में पदभार संभाल चुके श्री मीणा के कार्यकाल के बारे में जानकारी एकत्रित कर रहा था। इस जांच दल में जी.एस.निताम, डिप्टीकमिश्रर भोपाल के जे.के.प्रभाकर, वरिष्ठ लेखापाल, पी.के.जोशी एवं बृजमोहन आदि शामिल है।

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