शिवपुरी। कलेक्ट्रेट की सीमा से बाहर निकल कर आज जनसुनवार्ई मानस भवन में संचालित हुई और इस पहली जनसुनवार्ई में अपेक्षाकृत अधिक भीड़ उमड़ी। जनसुनवार्ई में कलेक्टर ओपी श्रीवास्तव, जिला पंचायत की मुख्य कार्र्यपालन अधिकारी नेहा मारव्या और अतिरिक्त कलेक्टर श्रीमती नीतू माथुर पूरे समय बैठी रहीं। जनसुनवाई में आवेदकों और अधिकारियों के बीच तीखी झड़पें भी हुर्ई और कलेक्टर की उपस्थिति में आवेदकों ने अधिकारियों के खिलाफ जमकर आक्रोश अभिव्यक्त किया।
जनसुनवार्ई में एक साल से पेंशन का इंतजार कर रहे सामाजिक न्याय विभाग के ग्रेड 3 सेवानिवृत्त कर्मचारी एनएस वशिष्ठ और सामाजिक न्याय विभाग के आयुक्त एनएस नरवरिया के बीच जमकर मुंहबाद गालीगलौंच की हद तक पहुंचा। श्री वशिष्ठ का कहना था कि रंजिशवश श्री नरवरिया न तो उनकी पेंशन निकलने दे रहे हैं और न ही ग्रेच्युटी का भुगतान कर रहे हैं।
यहां तक कि कमिश्नर और सीएम हेल्प लार्ईन को भी भ्रामक जानकारी दे रहे हैं। जिला पंचायत की मुख्य कार्र्यपालन अधिकारी नेहा मारव्या कह रहीं है कि उनके 90 प्रतिशत स्वत्वों का भुगतान किया जा चुका है जबकि उन्हें कोई भुगतान नहीं किया गया है। श्री वशिष्ठ का कहना है कि उन पर 10 हजार रूपए गबन का आरोप लगाया गया है जबकि उक्त राशि पूर्र्व के उप संचालक के पास हैं।
कलेक्टर ने श्री वशिष्ठ को आश्वासन दिया कि वह पूरा मामला दिखावा रहे हैं। दूसरी झड़प जनसुनवार्ई में मुख्य नगर पालिका अधिकारी रणवीर कुमार और शिवपुरी होटल के प्रबंधक अशोक जैन के बीच हुई। श्री जैन जनसुनवार्ई में एक मिठाई विक्रेता के विरूद्ध शिकायत लेकर पहुंचे थे कि उनके अतिक्रमण के कारण उनके होटल का मार्ग रूक रहा है और प्रशासन कोर्ई कार्यवाही नहीं कर रहा है।