शिवपुरी। नगर पालिका अध्यक्ष मुन्नालाल कुशवाह पर बीपीएल राशनकार्ड मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद अब उनके समर्थक प्रशासन पर दवाब बनाने में जुट गए हैं।
पहले नपा उपाध्यक्ष अन्नी शर्मा के नेतृत्व में कांग्रेस पार्षदों ने प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर एफआईआर निरस्त करने और मामले की पुन: जांच की मांग की, फिर मुन्नालाल के बचाव में उनका कुशवाह समाज सामने आया।
इसने भी प्रशासन को ज्ञापन सौंपा और इसी कड़ी में आज जाटव और मुस्लिम समाज ने अलग-अलग रैली निकालकर कलेक्टर के नाम ज्ञापन प्रशासन को सौंपा। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि नपाध्यक्ष के खिलाफ षड्यंत्र में नपा के अधिकारी और कर्मचारी शामिल हैं जो राशन विक्रेताओं से मिलकर घोटाला करने में लगे हुए हैं।
इसकी जानकारी मिलने पर श्री कुशवाह ने राशनकार्ड शाखा के प्रभारी को लगभग दो माह पूर्व हटाया जिसके फलस्वरूप मुन्नालाल कुशवाह को षड्यंत्र का शिकार बनाया गया।
दोनों ही ज्ञापनों में मुन्नालाल कुशवाह को निर्दोष बताया गया है। उनके अनुसार मुन्नालाल ने एपीएल राशनकार्ड तब बनवाया जब उन्होंने अपना बीपीएल का राशनकार्ड जमा करा दिया। अब जब राशनकार्ड, राशनकार्ड शाखा ने अपने अभिलेख में जमा नहीं किया तो इसके लिए दोषी नगर पालिका है न कि राशनकार्डधारी।
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि नगर पालिका में अकेले मुन्नालाल कुशवाह नहीं जिनका राशनकार्ड जमा उपरांत भी अभिलेख में जमा नहीं किया गया और न आईडी डिलीट की, बल्कि दूसरी आईडी बनाकर दूसरा राशनकार्ड बना दिया जिन पर बकायदा राशन पात्रता पर्ची भी जारी हो रही है।
इस तरह से नगर पालिका की राशनकार्ड शाखा के कर्मचारी कंट्रोल विक्रेता से मिलकर गरीबों के खाद्यान्न पर डाका डाल रहे हैं जिसका शिकार मुन्नालाल कुशवाह को बनाया गया है। ज्ञापन में प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच की मांग करते हुए कहा गया है कि अति पिछड़े वर्ग के जनता के आशीर्वाद से चुने गए व्यक्ति के िालाफ यह माफिया और भ्रष्ट कर्मचारियों का षड्यंत्र है।
मुस्लिम समाज के ज्ञापन का वाचन इरशाद पठान ने किया और इस अवसर पर शहर काजी कुतुबुद्दीन अहमद सिद्धिकी, खलील खान सहित अन्य मुस्लिम समाज के नेता उपस्थित थे।