अघोषित तौर पर बंद हुए डे-केयर सेंटर

shailendra gupta


शिवपुरी। शिवपुरी जिले में बढ़ते कुपोषण के कारण विभिन्न स्थानों पर खोले गए डे-केयर सेंटर अघोषित तौर पर बंद हो गए है। महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों की निष्क्रियता के कारण इन डे केयर सेंटरों पर ताले लग गए है। बढ़ते कुपोषण के कारण महिला बाल विकास मंत्री रंजना बघेल और मुख्य सचिव आर.परशुराम के निर्देश पर कुपोषण के मामले में संवेदनशील विकासखण्डों में इन डे केयर सेंटर को शुरू किया गया था।


शिवपुरी जिला मुख्यालय पर शुरू किए गए आधा दर्जन से अधिक डे केयर सेंटर पिछले 10 दिनों से बंद पड़े हैं। शहरी क्षेत्र में ही अव्यवस्था का यह हाल है तो ग्रामीण क्षेत्रों की बात स्वत: ही समझी जा सकती है। 

एकता परिषद के जिला संयोजक रामप्रकाश शर्मा ने बताया कि महिला बाल विकास विभाग के अधिकारियों की लापरवाही और निष्क्रियता के कारण कुपोषण जिले से समाप्त नहीं हो पा रहा है। उन्होंने बताया कि शिवपुरी शहर में पिछले दिनों आधा दर्जन जो डे केयर सेंटर शुरू किए गए थे उनमें अघोषित ताला बंदी के हालात है। एकता परिषद का कहना है कि आदिवासी बस्ती जिनमें ये डे केयर सेंटर बगैर किसी व्यवस्था के खोले गए थे वहां यह डे केयर सेंटर बंद हो चुके है। एकता परिषद का कहना है कि कलेक्टर आर.के.जैन इन डे केयर सेंटरों को कुछ दिनों पहले खुलवा तो आए मगर अब अधिकारियों की निष्क्रियता के कारण इन डे केयर सेंटरों का संचालन बंद हो चुका है। 

छामापार कार्यवाही की मांग


एकता परिषद ने आंगनबाड़ी केन्द्रों और डे-केयर सेंटरों पर चल रहे फर्जीबाड़े को लेकर नाराजगी दर्शाते हुए कलेक्टर आर.के.जैन से मांग की है कि शिवपुरी शहर के 39 वार्डों में आंगनबाड़ी केन्द्रों के संचालन को परखने के लिए आकस्मिक छापामारी कार्यवाही की जाए। एकता परिषद ने कलेक्टर से मांग की है कि विभिन्न वार्डों में निरीक्षण के लिए टीम बनाई जाए और इन टीमों से वास्तविकता का पता लगाने के लिए आकस्मिक निरीक्षण हों। एकता परिषद का आरोप है कि शहरी क्षेत्र में ही अव्यवस्था का माहौल है ग्रामीण क्षेत्रों के हालात तो और भी खराब है। 
Tags

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!