Shivpuri News: आधी रात खुला नपा का दफ्तर, वेतन राजसात और टर्मिनेशन के नोटिस जारी

Lalit Mudgal
0
shivpuri-samachar

शिवपुरी। शिवपुरी में रक्षाबंधन के उल्लास के बीच सड़कों पर भीगते और सड़ते कचरे की दुर्गंध ने नगर पालिका प्रशासन की नींद उड़ा दी है। हालात बेकाबू होते देख आधी रात को नगर पालिका का दफ्तर खोला गया और जनस्वास्थ्य पर मंडराते संकट का हवाला देते हुए हड़ताली सफाई कर्मचारियों को सीधे सेवा समाप्ति और नो वर्क नो पे का अल्टीमेटम थमा दिया गया है।

आधी रात का सख्त एक्शन और अल्टीमेटम
नगर पालिका सीएमओ यशवंत राठौर ने 27 अगस्त 2026 की रात कार्यालय खुलवाकर आदेश (क्रमांक 4759 और 4760) जारी किए। बिना पूर्व सूचना के 25 अगस्त से गायब कर्मचारियों की अनुपस्थिति को 'नो वर्क नो पे' मानते हुए वेतन राजसात करने के निर्देश दिए गए हैं। 24 घंटे के भीतर काम पर न लौटने पर सेवा समाप्ति (टर्मिनेशन) की चेतावनी दी गई है।

नियमित कर्मचारियों को नोटिस: आचार संहिता और सेवा भर्ती नियमों के उल्लंघन के आरोप में नियमित कर्मचारियों का वेतन राजसात करते हुए तत्काल प्रभाव से ड्यूटी पर लौटने के निर्देश दिए गए हैं, अन्यथा कठोर दंडात्मक कार्रवाई होगी।

हड़ताल का कारण और कर्मचारियों की मांगें
नगर पालिका के 400 से अधिक सफाईकर्मी, 135 माली और करीब 70 ड्राइवर पिछले पांच दिनों से हड़ताल पर हैं। सफाई कर्मचारी संघ के नेता मनोज लाहौरी और संतोष कोड़े के अनुसार, जब तक विनियमितीकरण, नियमितीकरण और पदोन्नति की मांग पूरी नहीं होती, हड़ताल जारी रहेगी।
कर्मचारियों का आरोप है कि प्रशासन 24 लोगों को पहले ही एक-एक कर नियमित कर चुका है, जिसमें भ्रष्टाचार की बू आ रही है। वे एक साथ सभी की सूची बनाकर नियमितीकरण की मांग कर रहे हैं।

प्रशासन की सुलह की कोशिशें
सीएमओ यशवंत राठौर ने हड़ताल खत्म कराने के लिए संघ के पदाधिकारियों से लंबी बातचीत की है, लेकिन फिलहाल कोई ठोस नतीजा नहीं निकला है। प्रशासन ने कर्मचारियों के ईपीएफ, जीपीएफ और एनपीएस का जुलाई तक का बकाया 1.58 करोड़ रुपये जमा कर दिया है। इसके अलावा लोन के करीब 8 लाख रुपये भी जमा किए गए हैं। प्रशासन विनियमितीकरण के दायरे में आने वाले लगभग 100 और नियमितीकरण के दायरे में आने वाले 40 कर्मचारियों की सूची तैयार करने के लिए रिकॉर्ड खंगाल रहा है।

लगातार बारिश और ठप सफाई व्यवस्था के कारण शहर की सड़कों पर कचरा सड़ने लगा है। यदि प्रशासन और कर्मचारियों के बीच जल्द सहमति नहीं बनी, तो शिवपुरी में गंभीर जलजनित और संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है।

Post a Comment

0Comments

प्रतिक्रियाएं मूल्यवान होतीं हैं क्योंकि वो समाज का असली चेहरा सामने लातीं हैं। अब एक तरफा मीडियागिरी का माहौल खत्म हुआ। संपादक जो चाहे वो जबरन पाठकों को नहीं पढ़ा सकते। शिवपुरी समाचार आपका अपना मंच है, यहां अभिव्यक्ति की आजादी का पूरा अवसर उपलब्ध है। केवल मूक पाठक मत बनिए, सक्रिय साथी बनिए, ताकि अपन सब मिलकर बना पाएं एक अच्छी और सच्ची शिवपुरी। आपकी एक प्रतिक्रिया मुद्दों को नया मोड़ दे सकती है। इसलिए प्रतिक्रिया जरूर दर्ज करें।

Post a Comment (0)

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!