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अधिकारी से परेशान कर्मचारी आत्महत्या करने को मजबूर | PICHHORE, SHIVPURI NEWS

पिछोर। कनिष्ठ यंत्री से परेशान सहायक लाइनमेन ने अपने वरिष्ठ अधिकारियों को लिखित आवेदन देकर शिकायत दर्ज कराई। सहायक लाइनमैन हरिराम कुशवाह ने शिकायती आवेदन में लिखा कि मुझे वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा आए दिन परेशान किया जा रहा है चार माह में दो बार सस्पेंड सहित कारण बताओ नोटिस थमा दिए गए, कभी मासिक वेतन रोक दी जाती है तो कभी सरेआम बे-इज्जत कर दिया जाता है।  

कुशवाह ने बताया कि हालात ठीक नहीं हैं, मानसिक रूप से परेशान होकर आत्महत्या कर सकता हूं। सहायक लाइनमैन हरीराम कुशवाह ने बताया कि कनिष्ठ यंत्री खोड़ तोषेन्द्रसिंह राजे मेरे फर्जी हस्ताक्षर से सर्वेक्षण रिपोर्ट तैयार कर उपभोक्ताओं से लेन-देन कर लेते हैं। मेरे द्वारा विरोध किया जाता है तो मुझे अकारण ही नोटिस थमा दिया जाता है। 

पिछले चार माह में मुझे दो बार सस्पेंड कर चुके हैं, पहला 11 सितंबर 2018 को सस्पेंड हुआ और बाद में अधिकारियों ने दस हजार रुपए देकर बहाल हुआ फिर 8 जनवरी 2019 को मुझे सस्पेंड किया गया। कनिष्ठ यंत्री द्वारा बार-बार परेशान किये जाने की शिकायत जब मैंने उपमहाप्रबंधक एसके पांडे से शिकायत की तो उन्होंने अधिकारी का पक्ष करते हुए, मेरे विरूद्ध प्रकरण दर्ज करा दिया।

फर्जी पंचनामा तैयार कर दिए नोटिस 

लाइनमैन कुशवाह ने बताया कि कनिष्ठ यंत्री खोड़ ने फर्जी हस्ताक्षर कर, मेरे विरूद्ध पंचनामा बनवाकर नोटिस जारी किए गए, जिनके हस्ताक्षर पंचनामा पर थे, उन्होंने शपथ-पत्र देकर यह स्पष्ट किया कि पंचनामा पर हमारे फर्जी हस्ताक्षर कराए गए थे।

लाइनमेन ने लगाए अधिकारी पर भ्रष्टाचार के आरोप 

लाइनमैन ने बताया कि अधिकारी द्वारा नोटिस देने व सस्पेण्ड करने का मुख्य कारण पैसों की मांग है,1़ सितबंर 2018 को सस्पेंड से बहाल होने के एवज में दस हजार रुपए कनिष्ठ यंत्री खोड़ को दिए। इसी प्रकार मीटर रीडर सुरेन्द्र लोधी से भी पैसों का लेन-देन चर्चा में रहा।

इनका कहना है 

उक्त सहायक लाइनमैन द्वारा बार-बार कार्य में लापरवाही की जाती है जिस कारण उसे दंिडत किया गया, मेरे द्वारा उसे प्रताडि़त किया जाता है यह सही नहीं है।
तोषेन्द्र सिंह राजे, कनिष्ठ यंत्री खोड़
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उक्त सहायक लाइनमैन हरीराम कुशवाह कार्य के प्रति लापरवाह है, कई बार नोटिस थमा दिए गए, मेरे साथ खोड़ कैंप के दौरान तथा पिछोर ऑफिस आकर अभद्रता की इस कारण मजबूरन थाना पिछोर में उसके विरूद्ध मामला पंजीबद्ध करवाना पड़ा। 
एसके पाण्डे, उपमहाप्रबंधक मप्रमक्षेविविकलि संभाग पिछोर