रन्नौद/कोलारस। शिवपुरी जिले के कोलारस अनुविभाग के इंदार थाना सीमा मे आने वाले गांव ग्राम अम्हारा में बिजली लाइन सुधार कार्य के दौरान हुए दर्दनाक हादसे में युवक की मौत के मामले में पुलिस ने बिजली कंपनी के दो कर्मचारियों पर गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया है। घटना के बाद क्षेत्र में बिजली कंपनी की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
मामले की जांच के बाद पुलिस ने बिजली कंपनी के लाइनमैन अरविंद कुशवाहा और कम्प्यूटर ऑपरेटर द्वारपाल परिहार के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया है। मृतक के चाचा कल्याण यादव ने आरोप लगाया कि बिजली कंपनी के कर्मचारियों की लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ और उनके भतीजे की जान चली गई।
इधर पुलिस का कहना है कि फिलहाल दो लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। जांच के दौरान जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। थाना प्रभारी विवेक यादव ने बताया कि मामले की जांच जारी है और तकनीकी पहलुओं को भी खंगाला जा रहा है।
यह भी पढे क्या है बीएनएस की धारा 110
भारतीय न्याय संहिता (BNS) में गैर-इरादतन हत्या (Culpable Homicide) से संबंधित मुख्य धाराएँ 100 और 105 हैं, जो पहले भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 299 और 304 के अंतर्गत आती थीं। धारा 100 परिभाषा देती है, जबकि धारा 105 इसके लिए सजा का प्रावधान करती है।
मुख्य धाराएँ और प्रावधान
धारा 100 (BNS): गैर-इरादतन हत्या की परिभाषा (Definition): यदि कोई व्यक्ति किसी की मृत्यु करने के इरादे से, या ऐसी शारीरिक चोट पहुँचाने के इरादे से जिससे मृत्यु की संभावना हो, या यह जानते हुए कि उस कार्य से मृत्यु हो सकती है, कोई कार्य करता है और मृत्यु हो जाती है, तो उसे गैर-इरादतन हत्या कहते हैं।
धारा 105 (BNS): गैर-इरादतन हत्या के लिए सजा (Punishment): जो गैर-इरादतन हत्या हत्या की श्रेणी में नहीं आती (जो धारा 101 के अपवादों में आती है), उसके लिए:आजीवन कारावास या 10 साल तक की कैद और जुर्माना, अगर कार्य मृत्यु करने के उद्देश्य से किया गया हो। 10 साल तक की कैद या जुर्माना या दोनों, अगर कार्य बिना इरादे के लेकिन ज्ञान के साथ किया गया हो।

प्रतिक्रियाएं मूल्यवान होतीं हैं क्योंकि वो समाज का असली चेहरा सामने लातीं हैं। अब एक तरफा मीडियागिरी का माहौल खत्म हुआ। संपादक जो चाहे वो जबरन पाठकों को नहीं पढ़ा सकते। शिवपुरी समाचार आपका अपना मंच है, यहां अभिव्यक्ति की आजादी का पूरा अवसर उपलब्ध है। केवल मूक पाठक मत बनिए, सक्रिय साथी बनिए, ताकि अपन सब मिलकर बना पाएं एक अच्छी और सच्ची शिवपुरी। आपकी एक प्रतिक्रिया मुद्दों को नया मोड़ दे सकती है। इसलिए प्रतिक्रिया जरूर दर्ज करें।