भोपाल। कोलारस से कांग्रेस प्रत्याशी महेंद्र यादव ने चुनाव नतीजे आने से पहले ही ज्योतिरादित्य सिंधिया को मुख्यमंत्री बनाने की मांग उठा डाली। इसके बाद हालात तनावपूर्ण हो गए। यह मामला कांग्रेस की मतगणना से पूर्व बुलाई गई वर्कशॉप का है। यहां प्रत्याशियों को मतगणना के दौरान किस तरह की सावधानियां बरतें कि गड़बड़ी ना हो पाए, सिखाया जा रहा है।
बता दें कि कोलारस से कांग्रेस प्रत्याशी महेंद्र सिंह यादव का क्षेत्र में काफी विरोध था। उनके अपने समाज के एक बड़े गुट ने उनका बहिष्कार कर दिया था। कुछ लोग भाजपा में शामिल हो गए थे। चुनाव के अंतिम दिन जब जीत की संभावनाएं काफी कम हो गईं तो महेंद्र यादव ने एक सभा में ऐलान किया कि यदि मैं जीत भी जाता हूं, तो 16 नवम्बर को इस्तीफा देकर ज्योतिरादित्य सिंधिया के लिए सीट खाली कर दूंगा। इस बयान के माध्यम से उन्होंने सिंधिया के नाम पर अपनी जीत सुनिश्चित करने की रणनीति बनाई थी परंतु बयान नेशनल मीडिया तक लिफ्ट करा लिया गया। अब महेंद्र सिंह यादव खुद को सबसे बड़ा सिंधिया समर्थक साबित करने में लगे हैं।
भोपाल में आयोजित वर्कशॉप में आए महेंद्र सिंह यादव ने मीडिया के सामने कहा अगर कांग्रेस सत्ता में आती है तो यहां की बागडोर युवा नेता को सौंपनी चाहिए। उन्होंने ना केवल ज्योतिरादित्य सिंधिया को मुख्यमंत्री बनाने की मांग की बल्कि कमलनाथ को वृद्ध नेता भी जता दिया।

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