शिवपुरी। पुरानी शिवपुरी स्थित ग्रामीण बैंक की शाखा के मैनेजर द्वारा उपभोक्ताओं के किस कदर परेशान किया जा रहा है। जिसका जीता जागता उदाहरण रातीकिरार निवासी बृखभान सिंह धाकड़ हैं।
उनका कहना है कि शासन द्वारा मेरे खाते में फसल नुकसान के मुआवजे की राशि विभागीय अधिकारियों द्वारा डाली गई है। लेकिन बैंक मैनेजर उस राशि को देने से मना कर रहे हैं। उनका कहना है कि तु हारे बड़े बेटे की केसीसी का भुगतान तुम करो। जबकि मेरा बेटा मुझ से अलग हैं फिर भी वह मुझसे केसीसी जमा कराने की बात कर रहे हैं जबकि बैंक में न तो मेरा कोई लॉन खाता है औैर न ही पुराना कोई कर्ज चुकाना है।
लेकिन बैंक मैनेजर की हटधर्मियता के कारण मैनेजर मेरी मुआवजे राशि को देने से मना कर रहे हैं। जबकि शासन ने साफ निर्देश दिये हैं कि इस विपदा की घड़ी में किसानों से न कोई बसूली की जाए और उनके खाते में आये मुआवजे को पैसों समय सीमा में वितरित किया जाए जिससे वह अपनी अगली फसल की बुबाई कर सकें।

प्रतिक्रियाएं मूल्यवान होतीं हैं क्योंकि वो समाज का असली चेहरा सामने लातीं हैं। अब एक तरफा मीडियागिरी का माहौल खत्म हुआ। संपादक जो चाहे वो जबरन पाठकों को नहीं पढ़ा सकते। शिवपुरी समाचार आपका अपना मंच है, यहां अभिव्यक्ति की आजादी का पूरा अवसर उपलब्ध है। केवल मूक पाठक मत बनिए, सक्रिय साथी बनिए, ताकि अपन सब मिलकर बना पाएं एक अच्छी और सच्ची शिवपुरी। आपकी एक प्रतिक्रिया मुद्दों को नया मोड़ दे सकती है। इसलिए प्रतिक्रिया जरूर दर्ज करें।