राजू यादव/शिवपुरी। यहां माना जा रहा है कि मोदी जहां जहां जाते हैं कांग्रेस प्रत्याशी की बैंड बजा डालते हैं। वो सिंधिया के गढ़ शिवपुरी में आ रहे हैं इसीलिए कयास लगाए जा रहे हैं कि क्या सिंधिया की नींव हिला पाएंगे मोदी।
अपने प्रभावशाली वक्तव्य के धनी नरेन्द्र मोदी आने वाली 5 अप्रैल को शिवपुरी स्थित गांधी पार्क में एक विशाल आमसभा को संबोधित करने आ रहे है। कहीं मोदी के आने से लोकसभा के कांग्रेस उम्मीदवार ज्योतिरादित्य सिंधिया का खेल ना बिगड़ जाए। इसकी चर्चाऐं भी अब सुनाई देने लगी है।
क्षेत्र में एक छत्र राज करने वाले सिंधिया परिवार का यूं तो शिवपुरी, गुना, ग्वालियर गढ़ है ऐसे में इन क्षेत्रों में स्वयं सिंधिया परिवार को चुनौती देने वालों ने अब तक मुंह की ही खाई है। अब जब परीक्षा की घड़ी(लोकसभा चुनाव)आई है तो निश्चित रूप से हरेक उम्मीॅदवार अपने आपको दूसरे के मुकाबले में बेहतर बताना चाहेगा, हालांकि सिंधिया परिवार से पूरा क्षेत्र भलीभांति परिचित है ऐसे में संभावना है कि सिंधिया के इस गढ़ को भेदने वालों को भी काफी चुनौतियां का सामना करना होगा। अब तो आने वाले समय में जैसे-तैसे लोकतंत्र के महायज्ञ का आगमन हो रहा है वैसे-वैसे मतदाताओं की भावनाऐं भी सामने आने को है।
यूं तो भाजपा से प्रत्याशी जयभान सिंह पवैया भी क्षेत्र में एक अमिट पहचान के रूप में जाने जाते है और प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी योजनाओं का लाभ पूरा प्रदेश ले रहा है। तब भाजपा प्रत्याशी को प्रदेश की जनता किस रूप में लेगी यह तो आने वाला समय बताएगा फिलवक्त भाजपा प्रत्याशी जयभान सिंह पवैया भी कमर कसकर चुनावी मैदान में है अपनी हरेक आमसभा में सामंतवाद को लेकर मुखर विरोध जताने वाले पवैया क्षेत्रवासियों के बीच भी पकड़ बनाना चाहते है। अपने संसदीय क्षेत्र में अधिकांशत: जनता के बीच पहुंचकर भाजपा के लिए वोट मांगने वाले जयभान सिंह को लेकर स्वयं भाजपा पार्टी भी गंभीर है।
प्रदेश में भाजपा की 29 सीटों के विजन को लेकर मैदान में आई भाजपा का कड़ा मुकाबला सिर्फ और सिर्फ कांग्रेस से है जिसमें सर्वाधिक प्रभावशील व वर्चस्व की सीट देखा जाए तो शिवपुरी-गुना संसदीय क्षेत्र है। इसलिए यहां भाजपा कोई कोर कसर नहीं छोडऩा चाहती है यही वजह है कि आए दिन जहां भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर, प्रदेश के मु यमंत्री शिवराज सिंह चौहान व मंत्रीमण्डल के अनेक मंत्री जयभान सिंह पवैया के पक्ष में जनसंपर्क व आमसभाओं को संबोधित कर भाजपा के लिए वोट मांग रहे है। ऐसे में अब मोदी के आने से शिवपुरी के मतदाताओं पर एक गहरा प्रभाव छोड़ा जाए इसके लिए भी भाजपा पूर्ण तैयारी में जुटी है।
सिंधिया के किले को ढहाने आ रहे मोदी की प्रभावशैली से सभी परिचित है और एक छोटे से जिले में अपनी आमद दर्ज कराकर नरेन्द्र मोदी भी यह चाहेंगें कि शिवपुरी की जनता उनकी बुलंद आवाज की कायल बने और सब कुछ छोड़-छोड़कर भूलकर केवल भाजपा को वोट करें ऐसी मंशा पाले होंगें। ऐसे में उनके प्रति कांग्रेस पार्टी भी पूरी जोर-शोर के साथ सिंधिया के विजयी अभियान को बनाए रखने के लिए बूथ स्तर तक एकजुट होकर मेहनत कर रही है। फिलहाल श्री सिंधिया को अपने ही कुछ छुटभैये नेताओं से भी निबटना आसान नहीं होगा जिन्होंने विधानसभा चुनावों में खासी वोट हासिल किए थे। ऐसे में यह कयास कि अब सिंधिया वर्सेज मोदी का यह चुनाव हो तो इसे भी अतिश्योक्ति नहीं कहा जा सकता।
हालांकि स्टार प्रचारकों में शामिल नरेन्द्र मोदी पहली बार शिवपुरी आऐंगेंं तो संभावना है कि लोकसभा के कांग्रेस प्रत्याशी ज्योतिरादित्य सिंधिया कहीं कांग्रेस के स्टार प्रचारक राहुल गांधी को शिवपुरी ना ल दें, इससे भी इंकार नहीं किया जा सकता। यूं तो श्री सिंधिया केा स्टार प्रचारकों की आवश्यकता नहीं है फिर भी अब मोदी के आने से श्री सिंधिया भी कहीं सोनिया या राहुल गांधी को शिवपुरी में लाकर जनता के बीच खड़े ना कर दे तो ऐसी आम चर्चाऐं भी अब सुनाई देने लगी है।
