शिवपुरी। आज शिवपुरी में बीते रोज बिना दहेज और बिना बैंड बाजे के शादी समारोह महज 17 में हो गया। जिसमे दूल्हा अपनी दुल्हन को लेकर अपने घर चला गया है। यह शादी समाज में पनप रही दहेज की कुरीती और फालतू आडंबर के चलते कराई जा रही है।
जानकारी के अनुसार आज शिवपुरी के परीक्षा गांव में एक संत रामपाल महाराज के कर कमलों पर चलकर दहेज प्रथा को समाप्त करने के अभियान के तहत जिले में पहली शादी आयोजित की गई। इस शादी में दहेज, बैंड़, घोड़ी, बारात और फिजूलखर्ची से बचने के लिए शादी का आयोजन किया गया।
इसमें दुल्हन मंजूू पोहरी थाना क्षेत्र के परीक्षा गांव के गरीब किसान कैलाश की बेटी है। वही इस शादी की मिशाल पैश करने वाला दूल्हा पवन पुत्र उम्मेद जाट निवासी करसोला गांव तहसील जुलाना जिला जींद हरियाणा से दुल्हन को लेने महज सादा तरीके से आए। इस शादी में समाज के कुछ लोग भी उपस्थित रहे। परंतु इस शादी में फिजूल खर्चे से पूरी तरह परेज किया गया। उसके बाद यह शादी मात्र 17 मिनिट में महाराज रामपाल की गुरुवाणी से संपन्न होती हुई।

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