शिवपुरी. अए दिन छात्रावासों की दयनीय स्थिति को लेकर स्वदेश समाचार पत्र ने संबंधित विभाग के आलाधिकारियों को खबर के माध्यम से इन छात्रावासों की स्थिति बयां की थी। लेकिन समय बीतने के साथ ही इस विभाग के आलाधिकारियों के कानों पर भी जूं तक नहीं रेंग रही जो कि शहर के अधिकांशत: छात्रावासों में जो जीर्णशीर्ण व्यवस्थाऐं मौजूद है इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा।
जिसके चलते इन छात्रावासों में निवासरत बच्चों को काफी असुविधाऐं विभाग की अलाली के चलते झेलना पड़ रही है। जिसमें विभाग द्वारा न तो समय पर नाश्ता, भोजन अथवा चाय उपलब्ध कराई जा रही है और ना ही यहां सर्दी से बचाव के लिए अलाव अथवा गर्म कपड़ों की व्यवस्था की गई है। जिसके चलते बच्चों को ठिठुरन भरी सर्दी का सामना करना पड़ रहा है। इससे बच्चों के स्वास्थ्य पर गहरा प्रभाव पड़ सकता है लेकिन विभाग का इस ओर कोई ध्यान नहीं।
ऐसा नहीं है कि इस ओर विभाग द्वारा बजट नहीं है जबकि पर्याप्त बजट होने के बाद भी छात्रावासों में व्यवस्था के कोई सुधार स्वयं विभाग के आलाधिकारियों द्वारा नहीं किए जा रहे। अगर यही हाल रहा है तो वह दिन भी दूर नहीं जब स्वयं इन छात्रावासों में निवासरत बच्चे विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों के विरूद्ध मोर्चा खोलकर इसकी शिकायत कलेक्टर अथवा प्रदेश के प्रशासन एवं प्रभारी मंत्री व मुख्यमंत्री को की जाएगी।
प्रतिक्रियाएं मूल्यवान होतीं हैं क्योंकि वो समाज का असली चेहरा सामने लातीं हैं। अब एक तरफा मीडियागिरी का माहौल खत्म हुआ। संपादक जो चाहे वो जबरन पाठकों को नहीं पढ़ा सकते। शिवपुरी समाचार आपका अपना मंच है, यहां अभिव्यक्ति की आजादी का पूरा अवसर उपलब्ध है। केवल मूक पाठक मत बनिए, सक्रिय साथी बनिए, ताकि अपन सब मिलकर बना पाएं एक अच्छी और सच्ची शिवपुरी। आपकी एक प्रतिक्रिया मुद्दों को नया मोड़ दे सकती है। इसलिए प्रतिक्रिया जरूर दर्ज करें।