शिवपुरी। खाद्य सुरक्षा अधिकारी की लापरवाही से दूध डेयरियों पर मिलावट खोरी का धंधा फलफूल रहा है। पनीर, मावा व घी बनाने में हानिकारक केमिकल्स का प्रयोग किया जा रहा है। जिससे लोगों की सेहत पर विपरीत असर पडऩे की आशंका है। आश्चर्य जनक तथ्य यह है कि नगर के अलावा ग्रामीण क्षेत्रों में भी यह धंधा जोर पकड़ रहा है। बावजूद इसके जिम्मेदार अधिकारी कार्रवाई करने की जहमत नहीं उठा रहे।
मालूम हो कि जिले में नीलगर चौराहा, झांसी रोड, गुरुद्वारा चौराहा, अस्पताल चौराहा, कमलागंज रोड सहित आधा सैंकड़ा स्थानों पर दूध डेयरियां संचालित हैं। इसके अलावा पिछोर, बदरवास, खनियांधाना, करैरा, पोहरी, बैराड़ में कई डेयरियां संचालित हैं। इन डेयरियों संचालकों ने खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत अपने प्रतिष्ठानों का पंजीयन तक नहीं कराया है। बावजूद इसके यह लोग हजारों लीटर दूध प्रतिदिन खपा रहे हैं।
इन डेयरियों पर खुले आम घरेलू सिलेंडरों का उपयोग होते देखा जा सकता है, वहीं स्वास्थ्य के लिए हानिकारक कैमिकल्स का उपयोग भी हो रहा है। लेकिन यह कारोबारी जिम्मेदार अधिकारियों को सेवा शुल्क देकर अपने अपने कारोबार को बखूबी अंजाम दे रहे हैं।

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