सस्पेंड ग्राम पंचायत सचिव को जेल भेजा

shailendra gupta
0
शिवपुरी। अनुविभागीय दण्डाधिकारी डीके जैन ने ग्राम पंचायत दर्रोनी के पूर्व सचिव कमल शर्मा को बीआरजीएफ की 2 लाख 34 हजार रूपये की राशि तथा आवास निर्माण हेतु 35 हजार रूपये की राशि निज हित में उपयोग करने के आरोप में सिविल जेल के आदेश दिए हैं।

सचिव को कलेक्टर ने पूर्व में ही निलंबित कर दिया था। उक्त सचिव के विरूद्ध कार्रवाई मप्र पंचायत राज अधिनियम की धारा 92 के तहत करते हुए एसडीएम न्यायालय ने सिविल जेल वारंट जारी कर दिया है। सचिव के खिलाफ जांच प्रतिवेदन महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के सहायक यंत्री ने दिया था। 

जानकारी के अनुसार आरोपी कमल शर्मा ग्राम पंचायत सिरसौद में पंचायत समन्वय अधिकारी था। वर्ष 2008-09 में सचिव के पद का उसे सौंपे गए प्रभार के दौरान उसने पूर्व सरपंच भवूति सिंह के साथ मिलकर आंगनवाड़ी भवन निर्माण हेतु पंचायत के खाते से 2 लाख 34 हजार रूपये की राशि आहरित कर ली और राशि आहरित करने के बाद भी उसने आंगनवाड़ी भवन का निर्माण नहीं कराया था। वहीं उस पर यह भी आरोप था कि उसने ग्राम पंचायत दर्रोनी के सचिव के रूप में साहब सिंह पुत्र शंकरिया को बीआरीजीएफ योजना के तहत वर्ष 2009-10 में आवास निर्माण हेतु मिली 35 हजार रूपये की राशि भुगतान नहीं की। जबकि उक्त राशि साहब सिंह को भुगतान की जानी थी। 

आरोपी सचिव ने उक्त राशि में से 25 हजार फिर 15 हजार तथा फिर 5 हजार रूपये निकाल लिए। इनमें से 35 हजार रूपये साहब सिंह के लिए आवास निर्माण हेतु थे। जबकि शेष राशि टेलीफोन बिल की थी। राशि भुगतान न होने पर साहब सिंह आवास का निर्माण नहीं कर पाया। सहायक यंत्री ने निरीक्षण में पाया कि 2 लाख 34 हजार और 35 हजार रूपये की आवास निर्माण हेतु राशि निकालने के बाद भी मौके पर न तो आंगनवाड़ी भवन था और न ही आवास। 

इस संबंध में सचिव कमल शर्मा को नोटिस जारी कर उससे पूछा गया तो उसने जवाब दिया कि आंगनवाड़ी भवन निर्माण हेतु उसने सरपंच भवूती सिंह को 2 लाख 34 हजार रूपये की राशि दे दी थी तथा साहब सिंह के आवास की राशि का उपयोग उसने मनरेगा के अंतर्गत प्रचलित निर्माण कार्यों हेतु मजदूरी भुगतान में कर लिया, लेकिन उसके जवाब को संतोषजनक नहीं पाया गया। कलेक्टर ने अपनी रिपोर्ट में लिखा कि  आरोपी कमल शर्मा गंभीर कदाचरण का दोषी है।


Tags

Post a Comment

0Comments

प्रतिक्रियाएं मूल्यवान होतीं हैं क्योंकि वो समाज का असली चेहरा सामने लातीं हैं। अब एक तरफा मीडियागिरी का माहौल खत्म हुआ। संपादक जो चाहे वो जबरन पाठकों को नहीं पढ़ा सकते। शिवपुरी समाचार आपका अपना मंच है, यहां अभिव्यक्ति की आजादी का पूरा अवसर उपलब्ध है। केवल मूक पाठक मत बनिए, सक्रिय साथी बनिए, ताकि अपन सब मिलकर बना पाएं एक अच्छी और सच्ची शिवपुरी। आपकी एक प्रतिक्रिया मुद्दों को नया मोड़ दे सकती है। इसलिए प्रतिक्रिया जरूर दर्ज करें।

Post a Comment (0)

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!